Ghaziabad news : स्वतंत्रता आंदोलन में आर्य समाज का सर्वाधिक योगदान: अनिल आर्य

 Ghaziabad news : स्वतंत्रता आंदोलन में आर्य समाज का सर्वाधिक योगदान: अनिल आर्य
Share this post

 

Ghaziabad news : केन्द्रीय आर्य युवक परिषद् एवं आर्य समाज समर्पण शोध संस्थान राजेन्द्र नगर के संयुक्त तत्वावधान में महर्षि दयानन्द सरस्वती जी की 200 वीं जयंती के अवसर पर श्रावणी पर्व के उपलक्ष्य में युवा संस्कार अभियान के अंतर्गत साहिबाबाद के 4/42,सेक्टर 5,राजेन्द्र नगर में आजादी के दीवानों को श्रद्धा सुमन अर्पित करने हेतु तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया जोकि अमूल डेयरी राजेन्द्र से चलकर मुख्य मार्गों पंचशील पार्क,श्याम पार्क,जिंदल मार्केट,शांति चोक,प्रेरणा पार्क एवं बुद्धा पार्क से होती हुई आर्य समाज समर्पण शोध संस्थान में भारत माता की जय,वंदे मातरम् के नारे लगाते हुए तथा देश भक्ति के गीत गाते हुए पहुंचे।तिरंगा यात्रा का मार्ग में कई स्थानों पर भव्य स्वागत किया गया।

यज्ञ के ब्रह्मा वेद प्रकाश शास्त्री ने यज्ञ एवं यज्ञोपवीत संस्कार कराया।मुख्य यज्ञमान श्रीमती सौम्या आर्या,श्री अभय आर्य, श्रीमती आशा यादव एवं श्री के के यादव रहे।

केन्द्रीय आर्य युवक परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल आर्य ने कहा कि देश के स्वतंत्रता आंदोलन में आर्य समाज का सर्वाधिक योगदान रहा है।आर्य समाज व महर्षि दयानंद जी से प्रेरणा पाकर हजारों नोजवान आजादी की लड़ाई में कूद पड़े, कइयों को फांसी व आजीवन कारावास की सजा मिली। हैदराबाद के आंदोलन में आर्य समाज के प्रचण्ड संघर्ष व बलिदान के कारण निजाम को घुटने टेकने पडे।आज सभी को राष्ट्रीय एकता व अखंडता की शपथ लेनी चाहिए।उन्होंने बताया आज युवा संस्कार अभियान के अंतर्गत एनसीआर में 14 स्थानों पर यज्ञोपवीत संस्कार के कार्यक्रम किये गए।

राष्ट्रीय मंत्री प्रवीण आर्य ने महर्षि दयानन्द सरस्वती की 200 वीं जयंती के अवसर पर यज्ञोपवीत संस्कार,सनातनी संस्कृति, देशभक्ति पर मार्ग दर्शन किया।

सुप्रसिद्ध भजनोपदेशक सर्वश्री बिजेंद्र सिंहओम पाल शास्त्री एवं नरेश चन्द्र आर्य आदि ने यज्ञोपवीत महिमा के गीत प्रस्तुत किए जिसे सुनकर श्रोता मंत्र मुग्ध हो गए।

आचार्य राकेश भटनागर ने यज्ञोपवीत के महत्व की विस्तृत चर्चा करते हुए बताया कि आर्य, हिन्दू की पहचान यज्ञोपवीत और चोटी से होती थी जोकि आज दोनों गायब हैं,आज इस सांस्कृतिक चिन्ह को पुनः धारण करने की आवश्यकता है।उन्होंने राष्ट्रीय ध्वज तिरंगे के रंगों की भी विस्तृत व्याख्या की।

मुंबई से पधारे श्री राजेन्द्र भटनागर ने कहा कि आर्य युवा,आर्य समाज राष्ट्रीय एकता के लिए कार्य करेंगे।स्वामी दीक्षा नन्द सरस्वती के आश्रम में आर्य समाज बनाने की काफी समय से चर्चा थी जो अब पूर्ण हुई है, उन्होंने आगे कहा कि आचार्य को उपनयन बताया है जो विद्याथियों को मार्ग दिखाता है।

इस अवसर पर मुख्य रूप से सर्वश्री मदन राय निगम पार्षद, प्रमोद चौधरी, देवेन्द्र आर्य,सुरेश प्रसाद,त्रिलोक शास्त्री,सौरभ गुप्ता,राज कुमार आर्य,अनिल तोमर,अभय यादव आदि मौजूद रहे।

Please follow and like us:
Pin Share

Related post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

RSS
Follow by Email